जब तक गाय को चारा नहीं, तब तक जारी रहेगा धरना प्रदर्शन

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बाड़मेर

पश्चिमी राजस्थान में पड़ रही भीषण गर्मी और अकाल की वजह से दिन-ब -दिन गायों के मरने की सख्या बढती जा रही है पिछले आठ दिनों से साधु संत और गौभक्त लगातार बाड़मेर जिला मुख्यालय पर सरकार के खिलाफ अलग-अलग तरीके से प्रदर्शन कर रहे हैं। शुक्रवार को इसी कड़ी में सैकड़ों गो भक्तों के साथ राजस्थान सहित अन्य प्रदेशो से साधु संत गहलोत सरकार के खिलाफ सड़कों पर उतर गए, शहर के मुख्य मार्गो से होते हुए कलेक्ट्रेट में पहुचे और जमकर नारेबाजी की।

साधु संतों का कहना है कि सरकार ने जो घोषणा की है उसके बारे में हमें सिर्फ अखबार के माध्यम से पता चला है लेकिन हमें इसकी कोई जानकारी नहीं है हम तो यही चाहते हैं कि हमें पैसों से कोई मतलब नहीं है गाय के मुंह में चारा कब और कैसे जाएगा इस बात को लेकर सरकार साफ करें। इस बात को लेकर सरकार साफ करें इसीलिए आज सैकड़ों भक्त इकट्ठा हुए हैं। सुरक्षा के लिहाज से अतिरिक्त पुलिस बल भी जिला कलेक्ट्रेट पर तैनात किया गया था।

धरना स्थल पर हुए एकत्रित 

साधु संतों ने सुबह से ही जिला मुख्यालय पर धरना स्थल पर करीब दो दर्जन साधु-संतों ने गोवंश को लेकर अपनी बात रखी उसके बाद रवाना होकर विवेकानंद सर्किल से होते हुए जिला कलेक्ट्रेट पहुंचे जहां पर अतिरिक्त जिला कलेक्टर राकेश शर्मा ने बाहर आकर साधु संतों से ज्ञापन लिया और यह आश्वासन दिया कि अगले 2 दिनों में सरकार ने जो घोषणा की है उसको हम क्रियान्वयन कर देंगे।

जब तक चारा नहीं पहुचेगा तब तक जारी रहेगा धरना 

साधु-संतों ने दो टूक शब्दों में कहा कि जब तक गाय के मुंह में चारा नहीं जाएगा तब तक हम अपना धरना प्रदर्शन रोकने वाले नहीं है हमारा सिर्फ एक ही मकसद है जो गोवंश दम तोड़ रहा है उनको चारा मिले साधु संतों ने कहा कि सरकार ने जो विशेष पैकेज की घोषणा की है जिसके बारे में अखबार में हमने पढ़ा है उसको लेकर साधु-संतों से राय ली जाए कि किस तरीके से गोवंश को बचाने के लिए चारे की व्यवस्था करनी है।

गौरतलब है कि कुछ दिन पहले गौमाता के शव को धरना स्थल लाकर शव यात्रा निकाली थी। शव यात्रा शहर के मुख्य मार्गों से होते हुई कलेक्ट्रेट पहुँची थी। यहाँ चारे पानी की मांग और गौवंश की अकाल मौत के चलते साधु संतों ने जबरदस्त विरोध प्रदर्शन किया था।शुक्रवार को साधु संतों के प्रदर्शन में सैकड़ों की संख्या में गौभक्त भी मौजूद रहे।

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